काश रुथ के बेटे होते, heart touching line

 

 

काश रुथ के बेटे होते हम भी आज इतना टूटे तो नहीं होते जितना तड़पे है उतना तरसे तो नहीं होते

 

Kaash Ruth kar baithe hote Ham bhi aaj itna tute toh nahi hote jitna tadape hai utnaa tarse to nahi Hote

 

 ये शायरी उस अधूरी चाहत और दर्द को बयां करती है जहाँ इंसान अपने ही रिश्तों से तन्हा हो जाता है।  


तन्हाई और दर्द पर हिंदी शायरी – काश रूठ के बेटे होते हम भी, आज इतना टूटे तो नहीं होते।